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कैलाश गोरंट्याल की दावेदारी सबसे मजबूत, दानवे भी सक्रिय; शिवसेना से अंबेकर-खोतकर चर्चा में

कैलाश गोरंट्याल स्थानिक स्वराज्य चुनाव

स्थानिक स्वराज्य चुनाव 2026: भाजपा में कैलाश गोरंट्याल की दावेदारी सबसे मजबूत, दानवे भी सक्रिय; शिवसेना से अंबेकर-खोतकर चर्चा में

जालना: महाराष्ट्र में आगामी स्थानिक स्वराज्य संस्था चुनावों को लेकर राजनीतिक सरगर्मियां तेज हो चुकी हैं। छत्रपति संभाजीनगर-जालना स्थानिक स्वराज्य मतदाता संघ में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के भीतर उम्मीदवार चयन को लेकर गहन मंथन शुरू हो गया है। पार्टी के पुराने निष्ठावान नेताओं और हाल ही में शामिल हुए प्रभावशाली चेहरों के बीच टिकट की दौड़ तेज होती दिखाई दे रही है।

इन सभी नामों के बीच पूर्व विधायक कैलाश गोरंट्याल की दावेदारी सबसे अधिक मजबूत मानी जा रही है। राजनीतिक विश्लेषकों और स्थानीय कार्यकर्ताओं का मानना है कि गोरंट्याल का व्यापक जनसंपर्क, प्रशासनिक अनुभव और महानगरपालिका राजनीति में प्रभाव भाजपा के लिए बड़ा चुनावी लाभ साबित हो सकता है।

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भाजपा में टिकट को लेकर तेज हुई अंदरूनी हलचल

छत्रपति संभाजीनगर और जालना जिले में भाजपा समर्थित मतदाताओं की संख्या को देखते हुए पार्टी इस सीट को अपने खाते में बनाए रखने के लिए गंभीर रणनीति बना रही है। हालांकि महायुति गठबंधन में सीट बंटवारे को लेकर अंतिम निर्णय अभी बाकी है, लेकिन भाजपा के भीतर टिकट की दौड़ ने राजनीतिक माहौल गर्म कर दिया है।

पार्टी में फिलहाल दो प्रमुख नाम सबसे ज्यादा चर्चा में हैं — वरिष्ठ नेता भास्करराव दानवे और पूर्व विधायक कैलाश गोरंट्याल

दानवे लंबे समय से भाजपा संगठन में सक्रिय हैं और उन्हें निष्ठावान कार्यकर्ता के रूप में देखा जाता है। वहीं दूसरी ओर, हाल ही में भाजपा में शामिल हुए कैलाश गोरंट्याल तेजी से पार्टी के प्रमुख चेहरों में शामिल होते दिखाई दे रहे हैं।

राजनीतिक जानकारों का कहना है कि चुनाव जीतने की क्षमता, शहरी मतदाताओं पर पकड़ और प्रशासनिक अनुभव के कारण गोरंट्याल का पलड़ा फिलहाल भारी दिखाई दे रहा है।


जालना महानगरपालिका में गोरंट्याल की भूमिका बनी बड़ी ताकत

पूर्व विधायक कैलाश गोरंट्याल तीन बार विधायक रह चुके हैं और जालना शहर की राजनीति में उनकी मजबूत पकड़ मानी जाती है। स्थानीय निकाय और नगर पालिका राजनीति में उनका लंबा अनुभव भाजपा नेतृत्व को प्रभावित कर रहा है।

राजनीतिक सूत्रों के अनुसार, जालना महानगरपालिका में भाजपा को मजबूत करने और सत्ता तक पहुंचाने में गोरंट्याल की रणनीतिक भूमिका महत्वपूर्ण रही थी। इसी कारण राज्य भाजपा नेतृत्व के साथ उनका सीधा संवाद और प्रभाव लगातार बढ़ा है।

भाजपा में शामिल होने के बाद भी गोरंट्याल लगातार पार्टी कार्यक्रमों, बैठकों और संगठनात्मक गतिविधियों में सक्रिय नजर आ रहे हैं। उनके समर्थकों का मानना है कि इस चुनाव में भाजपा यदि अनुभवी और जनाधार वाले चेहरे पर दांव लगाती है, तो गोरंट्याल सबसे उपयुक्त उम्मीदवार साबित हो सकते हैं।

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भाजपा कार्यकर्ताओं में भी गोरंट्याल के समर्थन की चर्चा

स्थानीय स्तर पर भाजपा कार्यकर्ताओं के बीच भी कैलाश गोरंट्याल को लेकर सकारात्मक माहौल देखने को मिल रहा है। कई कार्यकर्ताओं का मानना है कि जालना और संभाजीनगर क्षेत्र में उनकी व्यक्तिगत पहचान और राजनीतिक अनुभव चुनाव में निर्णायक साबित हो सकता है।

राजनीतिक पर्यवेक्षकों का कहना है कि भाजपा नेतृत्व ऐसे उम्मीदवार की तलाश में है जो गठबंधन समीकरणों के साथ-साथ विपक्ष को भी मजबूत चुनौती दे सके। इस दृष्टि से गोरंट्याल की छवि अन्य दावेदारों की तुलना में अधिक प्रभावी मानी जा रही है।


दानवे भी कर रहे लगातार लॉबिंग

भाजपा के वरिष्ठ नेता भास्करराव दानवे भी टिकट के लिए पूरी तरह सक्रिय हैं। वे कई वर्षों से पार्टी संगठन में कार्यरत हैं और खुद को पार्टी का समर्पित कार्यकर्ता बताते हैं।

सूत्रों के अनुसार दानवे ने पार्टी के वरिष्ठ नेताओं से मुलाकात कर अपनी दावेदारी मजबूत करने की कोशिश तेज कर दी है। हालांकि राजनीतिक समीकरणों को देखते हुए फिलहाल गोरंट्याल का अनुभव और जनाधार भाजपा नेतृत्व को अधिक प्रभावित करता दिखाई दे रहा है।


शिवसेना में अंबेकर और अभिमन्यू खोतकर के नाम चर्चा में

उधर शिवसेना की ओर से पूर्व नगराध्यक्ष भास्कर अंबेकर और पूर्व मंत्री अर्जुनराव खोतकर के पुत्र अभिमन्यू खोतकर के नाम प्रमुखता से सामने आ रहे हैं।

शिवसेना इस सीट पर अपना प्रभाव बनाए रखने के लिए पूरी ताकत लगा रही है। बताया जा रहा है कि हाल ही में भास्कर अंबेकर और अर्जुनराव खोतकर ने उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे से मुलाकात कर संभावित उम्मीदवारों और चुनावी रणनीति पर चर्चा की।

अंबेकर लंबे समय तक शिवसेना संगठन में सक्रिय रहे हैं और जिला प्रमुख के रूप में भी कार्य कर चुके हैं। वहीं अभिमन्यू खोतकर को युवा चेहरे के रूप में आगे बढ़ाने की चर्चा राजनीतिक गलियारों में तेजी से हो रही है।

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गठबंधन की रणनीति पर टिकी सबकी नजर

फिलहाल महायुति गठबंधन में सीट बंटवारे का अंतिम फैसला होना बाकी है। किस दल के हिस्से में यह सीट जाएगी, उसी के आधार पर उम्मीदवारों की तस्वीर साफ होगी।

लेकिन मौजूदा राजनीतिक हालात में भाजपा के भीतर कैलाश गोरंट्याल की बढ़ती सक्रियता, मजबूत संगठनात्मक पकड़ और स्थानीय स्तर पर प्रभाव को देखते हुए उनकी दावेदारी सबसे मजबूत मानी जा रही है। आने वाले दिनों में भाजपा नेतृत्व किस नाम पर अंतिम मुहर लगाता है, इस पर पूरे मराठवाड़ा की नजरें टिकी हुई हैं।




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Rashmi Bagdi
Rashmi Bagdi is a journalist and digital content creator associated with NewsNation Online. She specializes in reporting on local news, civic issues, education, government updates, and viral stories with a reader-focused approach.

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