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मीनाक्षी नटराजन का राज्यसभा नामांकन रद्द, मामला पहुंचा सुप्रीम कोर्ट; कांग्रेस ने फैसले को बताया अवैध

Woman with glasses speaking into a microphone, hands raised in emphasis, likely giving a public speech.
कंप्यूटर द्वारा तैयार हिंदी ऑडियो

मध्य प्रदेश में राज्यसभा चुनाव से पहले कांग्रेस को बड़ा झटका लगा है। पार्टी की उम्मीदवार Meenakshi Natarajan का नामांकन पत्र खारिज किए जाने का मामला अब सुप्रीम कोर्ट पहुंच गया है। मीनाक्षी नटराजन ने बुधवार देर रात शीर्ष अदालत में याचिका दाखिल कर रिटर्निंग ऑफिसर के फैसले को चुनौती दी है। बताया जा रहा है कि उनके वकील गुरुवार सुबह अदालत से मामले में तत्काल सुनवाई की मांग कर सकते हैं।

मध्य प्रदेश में 18 जून को राज्यसभा चुनाव होने हैं। इससे पहले नामांकन की जांच के दौरान रिटर्निंग ऑफिसर ने भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की आपत्ति स्वीकार करते हुए मीनाक्षी नटराजन का नामांकन रद्द कर दिया। भाजपा का आरोप था कि कांग्रेस नेता ने तेलंगाना में अपने खिलाफ लंबित एक आपराधिक मामले की जानकारी नामांकन पत्र में नहीं दी, जबकि यह जानकारी देना अनिवार्य था।

रिटर्निंग ऑफिसर के अनुसार, वर्ष 2025 में हैदराबाद की एक अदालत से जारी नोटिस पर मीनाक्षी नटराजन ने जवाब दाखिल किया था। हालांकि उन्होंने नामांकन के साथ जमा किए गए फॉर्म-26 में इस मामले का उल्लेख नहीं किया। इसी आधार पर नामांकन को अधूरा मानते हुए खारिज कर दिया गया।

कांग्रेस ने इस फैसले का कड़ा विरोध किया है। पार्टी का कहना है कि मीनाक्षी नटराजन के खिलाफ ऐसा कोई आपराधिक मामला लंबित नहीं है, जिसमें अदालत ने संज्ञान लिया हो। कांग्रेस नेताओं का तर्क है कि केवल किसी नोटिस का जारी होना या जवाब दाखिल करना लंबित आपराधिक मामला नहीं माना जा सकता, इसलिए इसकी जानकारी देना कानूनी रूप से आवश्यक नहीं था।

पार्टी ने आरोप लगाया है कि भाजपा ने पर्याप्त संख्या बल नहीं होने के बावजूद तीसरी राज्यसभा सीट हासिल करने के लिए राजनीतिक दबाव और कानूनी तकनीकीताओं का सहारा लिया है। कांग्रेस का दावा है कि नामांकन खारिज करने का निर्णय कानून और चुनावी नियमों की गलत व्याख्या पर आधारित है।

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वहीं भाजपा का कहना है कि सुप्रीम कोर्ट के दिशा-निर्देशों के तहत उम्मीदवारों को अपने खिलाफ लंबित मामलों की पूरी जानकारी देना अनिवार्य है। पार्टी का आरोप है कि जानकारी छिपाकर मीनाक्षी नटराजन ने नियमों का उल्लंघन किया है।

अब सभी की नजर सुप्रीम कोर्ट पर टिकी है, जहां इस मामले की सुनवाई राज्यसभा चुनाव की दिशा और राजनीतिक समीकरणों पर महत्वपूर्ण असर डाल सकती है।


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Imran Siddiqui
Imran Siddiqui is a senior journalist and editor of NewsNationOnline, with over 17 years of experience covering news, politics, education and social issues in Maharashtra.