जालना में बीजेपी की सत्ता की दस्तक! कैलाश गोरंट्याल ने थामा भगवा
★ बोले– जालना महानगरपालिका का पहला महापौर भाजपा का होगा
★ दो दर्जन से अधिक पूर्व नगरसेवक और कार्यकर्ता भी हुए शामिल, बीजेपी नेताओं ने किया स्वागत
जालना : जालना की राजनीति में बड़ा उलटफेर हुआ है. पूर्व विधायक और कांग्रेस के दिग्गज नेता कैलाश गोरंट्याल ने गुरुवार को अपनी पत्नी पूर्व नगराध्यक्ष संगीता गोरंट्याल, पुत्र अक्षय गोरंट्याल और दो दर्जन से अधिक समर्थकों के साथ भारतीय जनता पार्टी का दामन थाम लिया.
इस प्रवेश से कांग्रेस को तगड़ा झटका लगा है, वहीं जालना मनपा में बीजेपी की महापौर की राह अब और आसान मानी जा रही है।
- प्रदेश अध्यक्ष रवींद्र चव्हाण
- पूर्व मुख्यमंत्री अशोक चव्हाण
- पूर्व केंद्रीय मंत्री रावसाहेब दानवे
- राज्य मंत्री अतुल सावे
- पूर्व मंत्री बबनराव लोणीकर
- भाजपा जिलाध्यक्ष नारायण कुचे
- विधायक संतोष दानवे, संजय केनेकर
- महानगर अध्यक्ष भास्करराव दानवे
- पूर्व अध्यक्ष अशोक पांगारकर
- महासचिव राहुल लोणीकर
- पूर्व नगराध्यक्ष राजेश राऊत
- संध्या देठे (महिला मोर्चा)
उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व और “ऑपरेशन सिंदूर” जैसी निर्णायक नीतियों से वे प्रभावित हुए हैं। गोरंट्याल ने कहा कि यह निर्णय न तो पद की लालसा में है और न ही किसी स्वार्थवश।
उन्होंने कांग्रेस पर यह भी आरोप लगाया कि विधानसभा चुनाव के समय पार्टी ने उन्हें टिकट देने में देर की और प्रचार में सहयोग नहीं किया, जिससे उन्हें हार का सामना करना पड़ा।
- महावीर ढक्का, शिक्षाबाई ढक्का, रमेश गौरक्षक
- विनोद रत्नपारखे, दीपक भुरेवाल, इंदर गौरक्षक
- आलम खान पठान (शिवसेना), शिवाजी शेजुल (युवा सेना)
- गजानन यज्ञनेकर (रा.का.प.)
- पूर्व नगरसेवक: बाबुराव पवार, विजय पवार, भरत कुसुंदल
- अन्य प्रमुख: श्रीकांत घुले, दिलीप मोरे, रविकांत जगधने, संदीप नाईकवाडे, नंदकिशोर गरदास
- विनोद भगत, अशोक माऊली पवार, जीवन सले, डॉ. इनामदार, वीणा सामलेटी, आनंद वाघमारे आदि
इस कार्यक्रम में भारी संख्या में समर्थकों की उपस्थिति रही, जिससे गोरंट्याल की मजबूत राजनीतिक पकड़ का भी परिचय मिला।




