नई दिल्ली: त्यागराज स्टेडियम में कुत्ता टहलाने के विवाद से चर्चा में आईं IAS अधिकारी रिंकू दुग्गा की बहाली पर सुप्रीम कोर्ट ने रोक लगा दी है। शीर्ष अदालत ने केंद्र सरकार की उस चुनौती पर नोटिस जारी किया है, जिसमें दिल्ली हाईकोर्ट के उनकी अनिवार्य सेवानिवृत्ति रद्द करने के फैसले को चुनौती दी गई है।
चीफ जस्टिस ऑफ इंडिया सूर्यकांत, जस्टिस जॉयमाल्या बागची और जस्टिस वी. मोहना की पीठ ने मामले की सुनवाई करते हुए अंतरिम आदेश दिया कि फिलहाल रिंकू दुग्गा की बहाली पर रोक रहेगी। मामले की अगली सुनवाई 13 अक्टूबर 2026 को होगी।
क्या है पूरा मामला?
यह विवाद 2022 में सामने आया था। रिंकू दुग्गा और उनके पति, जो स्वयं IAS अधिकारी हैं, पर आरोप लगा था कि दिल्ली के त्यागराज स्टेडियम को कथित तौर पर खाली करवाया गया ताकि रिंकू दुग्गा अपने कुत्ते को वहां टहला सकें। मामले की खबरें और तस्वीरें सामने आने के बाद काफी विवाद हुआ था।
इस मामले में रिंकू दुग्गा के खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई हुई और उन्हें मामूली सजा दी गई। बाद में केंद्र सरकार ने उन्हें अनिवार्य सेवानिवृत्ति दे दी। उनके खिलाफ बिना अनुमति विदेश यात्रा/अनधिकृत अनुपस्थिति से जुड़ा मामला भी कार्रवाई के आधारों में शामिल था।
CAT और दिल्ली हाईकोर्ट से मिली थी राहत
रिंकू दुग्गा ने केंद्र सरकार के अनिवार्य सेवानिवृत्ति के फैसले को केंद्रीय प्रशासनिक न्यायाधिकरण (CAT) में चुनौती दी थी। CAT ने उनकी बहाली का आदेश दिया। केंद्र सरकार ने इसके खिलाफ दिल्ली हाईकोर्ट का रुख किया, लेकिन हाईकोर्ट ने 15 अप्रैल 2026 को CAT के फैसले को बरकरार रखा।
दिल्ली हाईकोर्ट ने कहा था कि अनिवार्य सेवानिवृत्ति का उद्देश्य ऐसे अधिकारियों को सेवा से हटाना है जिन्हें प्रशासन के लिए अनुपयोगी या ‘डेडवुड’ माना जाता है। अदालत ने अधिकारी के सेवा रिकॉर्ड में प्रतिकूल APAR टिप्पणियों की अनुपस्थिति और पिछले वर्षों की बेहतर ग्रेडिंग जैसे पहलुओं पर भी गौर किया था।
सुप्रीम कोर्ट में केंद्र सरकार की चुनौती
दिल्ली हाईकोर्ट के फैसले के खिलाफ केंद्र सरकार सुप्रीम कोर्ट पहुंची। सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र की याचिका पर रिंकू दुग्गा को नोटिस जारी किया और फिलहाल उनकी बहाली पर रोक लगा दी। इसका मतलब है कि मामले का अंतिम फैसला होने तक हाईकोर्ट के बहाली संबंधी आदेश पर अमल नहीं होगा।
अगली सुनवाई 13 अक्टूबर को
सुप्रीम कोर्ट अब इस मामले पर 13 अक्टूबर 2026 को आगे सुनवाई करेगा। यह मामला Union of India v. Rinku Dhugga, SLP (C) No. 25799/2026 के रूप में दर्ज है।
नोट: त्यागराज स्टेडियम से जुड़ा मूल विवाद 2022 का है। मौजूदा घटनाक्रम सुप्रीम कोर्ट द्वारा सितंबर 2026 में रिंकू दुग्गा की बहाली पर लगाई गई अंतरिम रोक से संबंधित है।

