जालना: बारिश की कमी और फसलों पर पड़े असर के बीच वडीगोद्री क्षेत्र में किसानों ने सरकार के सूखा संबंधी निर्णय को लेकर विरोध प्रदर्शन किया। स्वाभिमानी शेतकरी संगठन की ओर से करप चुके सोयाबीन के खेत में शासन निर्णय की प्रतिकात्मक होली की गई।
प्रदर्शनकारियों ने आरोप लगाया कि सरकारी राहत की घोषणा और किसानों तक वास्तविक सहायता पहुंचने के बीच अंतर बना हुआ है। उन्होंने प्रभावित किसानों को तत्काल आर्थिक सहायता देने और फसल नुकसान की स्थिति को ध्यान में रखकर राहत उपाय लागू करने की मांग की।
जालना जिले में बारिश की कमी के कारण खरीफ फसलों पर दबाव बढ़ा है और किसान रबी सीजन को लेकर भी चिंतित हैं। ऐसे में सरकारी सहायता, ऋण संबंधी राहत और पानी की उपलब्धता किसानों के लिए प्रमुख मुद्दे बने हुए हैं।
प्रदर्शन में संगठन के पदाधिकारियों और स्थानीय किसानों ने सरकार से जमीनी स्थिति के अनुसार निर्णय लेने की मांग की। शासन की ओर से घोषित उपायों का वास्तविक क्रियान्वयन स्थानीय प्रशासन के स्तर पर महत्वपूर्ण रहेगा।
जालना में सूखे की स्थिति पर हमारी सभी आठ तालुकों वाली रिपोर्ट और पालकमंत्री के खेत दौरे की खबर भी पढ़ें।
