नई दिल्ली: भारत में हाईस्पीड रेल नेटवर्क के विस्तार की योजना के बीच मुंबई-अहमदाबाद कॉरिडोर को भविष्य की परियोजनाओं के लिए एक महत्वपूर्ण तकनीकी आधार माना जा रहा है। PIB के अनुसार मुंबई-अहमदाबाद हाईस्पीड रेल की डिजाइन स्पीड 350 किमी प्रति घंटा और ऑपरेशनल स्पीड 320 किमी प्रति घंटा है।
सरकारी जानकारी के मुताबिक इस परियोजना में रोलिंग स्टॉक, सिग्नलिंग, ट्रेन कंट्रोल, ट्रैक और सुरक्षा तकनीक के साथ देश में हाईस्पीड रेल से जुड़ी घरेलू क्षमता विकसित करने पर भी जोर दिया जा रहा है।
नए कॉरिडोर में क्या फायदा होगा?
भविष्य के मुंबई-पुणे, पुणे-हैदराबाद, हैदराबाद-बेंगलुरु और अन्य कॉरिडोर में पहले प्रोजेक्ट से मिले तकनीकी और संचालन अनुभव का इस्तेमाल किया जा सकता है। इससे डिजाइन, प्रशिक्षण और निर्माण क्षमता विकसित करने में मदद मिल सकती है।
पहली सेवा कब?
PIB के जुलाई 2026 के अपडेट के अनुसार मुंबई-अहमदाबाद कॉरिडोर की पहली सेवा अगस्त 2027 में शुरू होने की उम्मीद बताई गई है, जिसमें शुरुआती चरण सूरत-वापी के बीच होगा।
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स्रोत: PIB हाईस्पीड रेल फैक्टशीट | PIB मुंबई-अहमदाबाद कॉरिडोर