जालना, 31 अक्टूबर 2026 — जिले में सूखे के कारण पानी की किल्लत से जूझ रहे ग्रामीणों की मदद के लिए स्कूली बच्चों ने अनूठी पहल की है. जालना के संस्कार प्रबोधिनी माध्यमिक विद्यालय के 61 विद्यार्थियों ने अपना जेब खर्च बचाकर और घर-घर से सहयोग जुटाकर 19 हजार 400 रुपये जमा किए. इस रकम से तीन-तीन हजार लीटर क्षमता की दो पानी की टंकियां खरीदकर सिरसवाडी गांव को भेंट की गईं. बच्चों की इस पहल की जिलाधिकारी अशिमा मित्तल ने सराहना की है.

एक नजर में
- विद्यार्थी: 61 (आठवीं, नौवीं और दसवीं कक्षा)
- जुटाई गई रकम: 19,400 रुपये
- भेंट: 3-3 हजार लीटर की दो टंकियां (कुल 6,000 लीटर)
- स्थान: सिरसवाडी गांव का मंदिर परिसर
घर-घर से पांच-पांच रुपये का सहयोग
विद्यालय की आठवीं, नौवीं और दसवीं कक्षा के विद्यार्थियों ने जिले में सूखे की गंभीर स्थिति को देखते हुए ग्रामीणों की मदद करने का फैसला किया. बच्चों ने अपने खाने-पीने के लिए मिलने वाले पैसों में बचत की और नागरिकों से भी सहयोग मांगा. प्रत्येक विद्यार्थी ने बस्ती के 20 घरों से पांच-पांच रुपये का योगदान जुटाने का प्रयास किया.
शिक्षक रामदास कुलकर्णी के मार्गदर्शन में चलाए गए इस अभियान से कुल 19,400 रुपये जमा हुए. इस रकम से खरीदी गई दोनों टंकियां सिरसवाडी गांव के मंदिर परिसर में रखी गई हैं. इनमें कुल छह हजार लीटर पानी जमा किया जा सकेगा, जिसका उपयोग ग्रामीण अपनी सामुदायिक जरूरतों के लिए कर सकेंगे.
जिलाधिकारी अशिमा मित्तल ने की बच्चों के जज्बे की सराहना
जिलाधिकारी अशिमा मित्तल ने विद्यार्थियों की सामाजिक संवेदनशीलता की सराहना करते हुए कहा कि कम उम्र में समाज की समस्याओं को समझकर उनके समाधान के लिए आगे आना प्रेरणादायी है. उन्होंने कहा कि सूखे से निपटना केवल सरकार की जिम्मेदारी नहीं, बल्कि इसमें समाज के हर वर्ग की भागीदारी जरूरी है और बच्चों की यह पहल दूसरी शालाओं व संस्थाओं के लिए भी मिसाल है.
यह उपक्रम विद्यालय के अध्यक्ष सुरेश कुलकर्णी, विजय देशमुख, विनायकराव देशपांडे, प्रा. केशर सिंह बगेरिया, भास्करराव काले और मुख्याध्यापक ईश्वर वाघ के मार्गदर्शन में चलाया गया.
इस अवसर पर तहसीलदार राजू निहाल, ग्राम विकास अधिकारी गजानन सातपुते, कलेक्टर थिंक टैंक फेलो सुप्रवीण पाखरे, आकांक्षी जिला फेलो साक्षी उगले, पुलिस पाटील अर्जुन ढगे, ग्राम राजस्व अधिकारी मोहिते, मंडल अधिकारी कलकुंबे सहित शिक्षक, विद्यार्थी, ग्राम पंचायत कर्मचारी और ग्रामीण मौजूद थे.
यह भी पढ़ें:
- सूखे से जूझते जालना के गांवों को मिलेगा सहारा, उद्योगपति और सामाजिक संस्थाएं लेंगी गोद
- मराठवाड़ा में 441 टैंकरों से जलापूर्ति, जालना के गांवों में भी बढ़ी किल्लत
छोटी पहल, बड़ी राहत
बच्चों की इस पहल ने दिखाया कि मदद के लिए बड़ी रकम नहीं, बल्कि संवेदनशील सोच और कुछ कर दिखाने का जज्बा जरूरी है. सूखे की मुश्किल घड़ी में विद्यार्थियों का यह छोटा-सा प्रयास गांव के लिए बड़ी राहत का माध्यम बन सकता है. जिले की सूखा राहत से जुड़ी आधिकारिक जानकारी जालना जिला प्रशासन की वेबसाइट पर उपलब्ध है.
स्कूल और शिक्षा से जुड़ी और खबरों के लिए हमारा एजुकेशन सेक्शन देखें.
रिपोर्ट: इमरान सिद्दीकी, जालना
Discover more from NewsNation Online
Subscribe to get the latest posts sent to your email.

















Leave a Reply