देह व्यापार रैकेट का भंडाफोड़ — अंबिका होटल से चार महिलाओं की हुई मुक्ति
छत्रपति संभाजीनगर, 5 जुलाई 2025: चिकलठाणा थाना क्षेत्र के अंतर्गत जाल्टा फाटा स्थित अंबिका लॉजिंग एंड बोर्डिंग होटल में अनैतिक गतिविधियों की सूचना पर कार्रवाई करते हुए छत्रपति संभाजीनगर ग्रामीण पुलिस और अनैतिक मानव तस्करी प्रतिबंधक कक्ष (AHTU) ने देह व्यापार के गोरखधंधे का भंडाफोड़ किया है। इस कार्रवाई में होटल से चार पीड़ित महिलाओं को मुक्त कराया गया, जिन्हें आर्थिक तंगी और अशिक्षा का लाभ उठाकर इस धंधे में धकेला गया था।
गुप्त सूचना पर रची गई रणनीति
सहायक पुलिस निरीक्षक सरला गाडेकर को गुप्त सूचना प्राप्त हुई थी कि अंबिका होटल में देह व्यापार संचालित हो रहा है। होटल मालिक और मैनेजर स्थानीय महिलाओं की मजबूरी और लाचारी का फायदा उठाकर उनसे जबरन वेश्यावृत्ति करवा रहे थे। सूचना की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक डॉ. विनयकुमार राठौड़ के मार्गदर्शन और उपविभागीय अधिकारी पूजा नागरे के नेतृत्व में विशेष टीम गठित की गई।
डमी ग्राहक के ज़रिए रंगे हाथों पकड़ा गया मामला
4 जुलाई को एक डमी ग्राहक को होटल भेजा गया, जिसने होटल मैनेजर सुभाष फकीरा राठौड़ (49 वर्ष) से शारीरिक संबंध के लिए महिला की मांग की। राठौड़ ने ₹1000 लेकर ग्राहक को होटल की पहली मंजिल पर रूम नंबर 106 में भेजा और वहाँ एक महिला पहुंचाई। तय योजना के अनुसार डमी ग्राहक ने इशारा किया, जिस पर तुरंत टीम ने छापा मारकर महिला को सुरक्षित बाहर निकाला।
तीन और महिलाएं भी छुड़ाई गईं
कार्रवाई को आगे बढ़ाते हुए पुलिस ने होटल के अन्य कमरों की तलाशी ली और वहाँ से छुपाकर रखी गई तीन और पीड़ित महिलाओं को मुक्त कराया। सभी पीड़िताएं छत्रपति संभाजीनगर की निवासी हैं और आर्थिक तंगी, अशिक्षा तथा मजबूरी के कारण इस दलदल में फंसाई गई थीं।
आरोपी महिलाओं से जबरन देह व्यापार करवा रहे थे।
गिरफ्तार आरोपी और जब्त सामग्री
पुलिस ने दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है:
- सुभाष फकीरा राठौड़ (49 वर्ष) – होटल मैनेजर
- विश्वास शिंदे (51 वर्ष) – होटल मालिक
इनके खिलाफ चिकलठाणा थाने में अनैतिक देह व्यापार अधिनियम 1956 की धारा 3, 4, 5 के तहत मामला दर्ज किया गया है। मौके से कुल ₹57,990 मूल्य का मोबाइल फोन, कंडोम पैकेट सहित अन्य सामग्री जब्त की गई है।
कार्रवाई में शामिल पुलिस अधिकारी
यह कार्रवाई पुलिस अधीक्षक डॉ. विनयकुमार राठौड़, अपर पुलिस अधीक्षक अन्नपूर्णा सिंह, डीएसपी पूजा नागरे, सपोनि सरला गाडेकर, उपनिरीक्षक स्वप्निल नरवडे और विनोद भालेराव के निर्देशन में की गई। इसमें पुलिसकर्मी दिलीप साळवे, कपिल बनकर, ईशाद पठान, सपना चरवंडे, भाग्यश्री चव्हाण और संदीप थोरात की भी विशेष भूमिका रही।

