जालना जिले की स्थानीय गुन्हा शाखा (एल.सी.बी.) ने रविवार, 26 अक्टूबर को एक उल्लेखनीय सफलता हासिल करते हुए दो महीने से फरार चल रहे आरोपी लक्ष्मण किसन गोरे (निवासी गोकुलवाडी, जालना) को जलगांव से गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपी के पास से एक देसी पिस्तौल (गांवठी कट्टा) और दो जिंदा कारतूस बरामद किए हैं।

पुलिस जांच में यह सामने आया कि आरोपी लक्ष्मण गोरे ने यह अवैध हथियार आतिश प्रकाश पाटोले (निवासी पिवला बंगला, जालना) को बेच दिया था। कार्रवाई को आगे बढ़ाते हुए पुलिस ने आतिश पाटोले को भी गिरफ्तार कर लिया। उसके पास से ₹30,200 मूल्य का कट्टा और दो जिंदा कारतूस बरामद किए गए। जांच में यह भी पता चला कि आतिश पाटोले ने यह हथियार अपने मित्र कुलदीप उर्फ जज्या जगधने के पास रखवाया था, जो अभी फरार है।

आरोपी लक्ष्मण गोरे के खिलाफ पहले से ही कई गंभीर आपराधिक मामले दर्ज हैं। 30 सितंबर 2025 को गोकुलवाडी निवासी अशोक भानुदास भोसले को धमकी देने और उनके घर का नुकसान करने के मामले में उस पर केस दर्ज किया गया था। इसके अलावा, 19 अगस्त 2025 को कृष्णा भगवान भोपले (निवासी सोनगिरी) के साथ मारपीट और धमकी देने के आरोप में भी उसके खिलाफ मामला दर्ज है। वहीं, श्रीमती कल्याणी गजानन तौर की शिकायत पर साइबर पुलिस थाने में भी उस पर मामला दर्ज किया गया था, जिसमें उसने मृतक गजानन तौर की बदनामी करने के लिए इंस्टाग्राम पर आपत्तिजनक पोस्ट साझा की थी।

इन सभी मामलों में आरोपी लक्ष्मण गोरे दो महीने से फरार था। पुलिस ने तकनीकी विश्लेषण, गुप्त सूचना और मोबाइल लोकेशन ट्रैकिंग की मदद से उसका ठिकाना जलगांव में पता लगाया और वहां से उसे गिरफ्तार किया। पूछताछ में आरोपी ने हथियार बेचने की बात कबूल की, जिसके बाद पुलिस ने खरीदार आतिश पाटोले को भी हिरासत में लिया।

यह कार्रवाई पुलिस अधीक्षक अजयकुमार बंसल, अपर पुलिस अधीक्षक आयुष नोपाणी और उपविभागीय पुलिस अधिकारी अनंत कुलकर्णी के मार्गदर्शन में की गई। इस अभियान में पुलिस निरीक्षक पंकज जाधव, सहायक पुलिस निरीक्षक योगेश उबाले, सचिन खामगल, पो.उप.नि. राजेंद्र वाघ तथा दल के सदस्य रामप्रसाद पव्हरे, गोपाल गोशिक, प्रभाकर वाघ, रमेश राठोड, लक्ष्मीकांत आडेप, सागर बाविस्कर, इरशाद पटेल, संदीप चिंचोले, सतीश श्रीवास और रमेश काले शामिल थे।

जालना पुलिस की इस कार्रवाई से न केवल एक फरार अपराधी को पकड़ने में सफलता मिली है, बल्कि अवैध हथियारों की खरीद-बिक्री में सक्रिय नेटवर्क का भी पर्दाफाश हुआ है। पुलिस अब इस मामले से जुड़े अन्य लोगों की तलाश में जुटी है और आगे की जांच जारी है।

सूचना: यह समाचार पुलिस सूत्रों पर आधारित है। जैसे-जैसे जांच आगे बढ़ेगी, नई जानकारी के अनुसार अद्यतन किया जाएगा।